…अब इन कर्मचारियों की होगी सीधे बर्खास्तगी…. राज्य सरकार ने जारी किया आदेश… कार्रवाई कर जीएडी और आदिम जाति विभाग ने रिपोर्ट की तलब

रायपुर 26 अक्टूबर 2019। राज्य सरकार ने फर्जी जाति प्रमाण पत्र के आधार पर नौकरी करने वालों की अब खैर नहीं है। राज्य सरकार ने गलत जाति बताकर नौकरी करने वालों को सीधे डिसमिस करने का फरमान दिया है। राज्य सरकार ने सभी विभागों के प्रमुख, कलेक्टर व जिला पंचायत सीईओ को निर्देश दिया है कि फर्जी जाति के आधार पर नौकरी करने वाले सरकारी कर्मियों को सीधे बर्खास्त किया जाये। सामान्य प्रशासन विभाग की तरफ से इसे लेकर आदेश भी जारी कर दिया गया है। आदेश में कहा गया है कि गलत जाति वाले सरकारी कर्मियों के लिए अब ना तो किसी तरह की जांच होगी और ना ही टीम गठित होगी, उन्हें सीधे तौर पर नौकरी से बर्खास्त किया जायेगा।

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आदेश में हालांकि इस बात को भी रेखांकित किया गया है कि अगर किसी मामले में हाईकोर्ट से स्थगन मिला हुआ है, तो उस मामले में पूर्व निर्धारित गाइडलाइन का पालन किया जाये। दरअसल राज्य सरकार को इस बात की शिकायत मिली थी कि गलत प्रमाण पत्र पर नौकरी कर रहे कर्मचारियों को अधिकारी संरक्षण दे रहे हैं और उन्हें पद से नहीं हटाया जा रहा है, जिसके बाद जीएडी ने ये कड़ा रुख अपनाया है और पत्र जारी किया है। आदेश में कहा गया है कि तत्काल प्रभाव से फर्जी प्रमाण पत्र धारी कर्मचारियों की नौकरी खत्म की जाये।

वहीं सेवा समाप्ति का आदेश जारी करने के पूर्व प्रशासकीय विभाग द्वारा हाईकोर्ट में कैविएट दायर किया जाये, ताकि वैसे प्रकरणों पर फैसले के पूर्व राज्य सरकार का भी पक्ष सुना जाये। जीएडी ने इस मामले में तत्काल कार्रवाई कर रिपोर्ट तलब की है। इस मामले में जीएडी और आदिम जाति कल्याण विभाग को कार्रवाई की जानकारी अवगत कराने को कहा है।

 

 

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